T20 World Cup: ईरान-इस्राइल के बीच जारी संघर्ष का असर! जिम्बाब्वे टीम को स्वेदश लौटने में क्यों हो रही दिक्कत?
ईरान और इस्राइल के बीच चल रहे संघर्ष का असर टी20 विश्व कप 2026 की व्यवस्थाओं पर पड़ा है। विश्व कप में अपना सफर समाप्त करने के बाद भी जिम्बाब्वे की टीम स्वदेश नहीं लौट पा रही है। दरअसल, ईरान ने इस्राइल की तरफ से हुए हमलों पर पलटवार करते हुए मिडिल ईस्ट के कई देशों पर हमले किए हैं।
दुबई एयरपोर्ट को बंद किया गया
यूएई का नाम भी इसमें शामिल है। दुबई एयरपोर्ट के आस-पास भी धमाके हुए हैं। इस वजह से दुबई एयरपोर्ट को बंद कर दिया गया है। जिम्बाब्वे की टीम को सोमवार को नई दिल्ली से निकलते हुए दुबई से अपने देश के लिए कनेक्टिंग फ्लाइट लेनी थी। एयरपोर्ट बंद होने की वजह से जिम्बाब्वे के खिलाड़ियों की स्वदेश यात्रा फिलहाल स्थगित कर दी गई है।
कोच का बयान
टीम के मुख्य कोच जस्टिन सैमन्स ने कहा, 'खिलाड़ियों के लिए इस तरह की स्थिति को नजरअंदाज करना मुश्किल है। सबके दिमाग में यह था कि उन्हें सोमवार की सुबह घर के लिए निकलना है। टीम के अंदर इस पर चर्चा हो रही है। रविवार को टीम को कोई नई जानकारी नहीं दी गई है। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मैच शुरू होने तक कोई अपडेट नहीं था।'
दिल्ली में रुके हैं जिम्बाब्वे के खिलाड़ी
फिलहाल जिम्बाब्वे के खिलाड़ी दिल्ली में रुके हुए हैं और अगली सूचना का इंतजार कर रहे हैं। टीम अब तय नहीं बल्कि अगले शेड्यूल और कार्यक्रम के मुताबिक स्वेदश लौटेगी। दुबई एयरपोर्ट बंद होने की वजह से जिम्बाब्वे के खिलाड़ी और सहयोगी स्टाफ के लिए अदीस अबाबा स्थित इथियोपियन एयरलाइंस के जरिए उन्हें स्वदेश भेजने की व्यवस्था की जा सकती है। आईसीसी ने शनिवार को कहा था कि टी20 विश्व कप के बाद स्वदेश लौटने वाले खिलाड़ियों और अधिकारियों के लिए वैकल्पिक उड़ानों की व्यवस्था पर काम किया जा रहा है।
ग्रुप स्टेज में जिम्बाब्वे का शानदार प्रदर्शन
सिकंदर रजा की कप्तानी वाली जिम्बाब्वे का ग्रुप स्टेज में अच्छा प्रदर्शन रहा था। टीम ऑस्ट्रेलिया और श्रीलंका जैसी टीमों को हराकर सुपर-8 में पहुंची थी। सुपर-8 में जिम्बाब्वे कोई कमाल नहीं कर सकी। वेस्टइंडीज, भारत और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए तीनों मैचों में टीम को हार का सामना करना पड़ा।
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