अल्पकालीन कृषि ऋणों की प्रविष्टि धान खरीदी मॉड्यूल में शत-प्रतिशत की जाए : केदार नाथ गुप्ता
रायपुर : अपेक्स बैंक के प्राधिकृत अधिकारी केदार नाथ गुप्ता की अध्यक्षता में आज नया रायपुर में जिला सहकारी केंद्रीय बैंकों के मुख्य कार्यपालन अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अधिकारियों ने बताया कि राज्य की 2058 पैक्स समितियों के माध्यम से किसानों को अल्पकालीन कृषि ऋण प्रदान किए जा रहे हैं। खरीफ एवं रबी फसलों के लिए निर्धारित 9 हजार करोड़ रुपये के लक्ष्य के विरुद्ध अब तक 7 हजार 261 करोड़ रुपये के ऋण वितरण किये जा चुके हैं, जो लक्ष्य का 80.68 प्रतिशत है।
गुप्ता ने निर्देश दिया कि वितरित कृषि ऋणों की चालू एवं कालातीत राशियों की प्रविष्टि पंजीयक मॉड्यूल तथा धान उपार्जन मॉड्यूल में तीन दिनों के भीतर अनिवार्य रूप से की जाए, ताकि लिंकिंग के माध्यम से ऋण वसूली शत-प्रतिशत सुनिश्चित की जा सके। अपेक्स बैंक के प्राधिकृत अधिकारी गुप्ता ने बैठक में यह भी निर्देशित किया कि कालातीत ऋणी किसानों की सूची सूचना पटल पर प्रदर्शित की जाए। साथ ही जिला सहकारी बैंकों के सीईओ को भी निर्देशित किया कि सहकारी संस्थाओं की अधिक निधियों का विनियोजन केवल सहकारी बैंकों में ही किया जाए, जिससे राज्य की सहकारिता प्रणाली आर्थिक रूप से अधिक सशक्त बने। इस अवसर पर अपेक्स बैंक के प्रबंध संचालक के. एन. कांडे, महाप्रबंधक युगल किशोर, ओएसडी अविनाश श्रीवास्तव सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
अनुभव का सम्मान या परीक्षा का दबाव? पात्रता परीक्षा पर मप्र के शिक्षकों ने खोला मोर्चा
ग्रामीणों की बहादुरी से बची दो जानें, लेकिन अंचल और पूनम को नहीं बचा सका कोई
"सस्पेंड करो या कोर्ट झेलने को तैयार रहो" - भाजपा नेता संतोष परवाल की तीखी चेतावनी
Health Tips: पाचन तंत्र को लोहे जैसा मजबूत बना देगा 30/30/3 नियम, आज ही करें ट्राई।
20 अप्रैल तक करना होगा सरेंडर: कोर्ट ने दोषी को दी राहत, मगर पुलिस को दी नसीहत
"अब विकास में बाधा नहीं सहेगा बंगाल": भाजपा के समर्थन में बोले डॉ. मोहन यादव
भारत का करारा जवाब: पाकिस्तान ने समंदर में दिखाई बौखलाहट, भारत ने दोगुनी ताकत से घेरा
देवघर और हजारीबाग में नए चेहरों की एंट्री; झारखंड सरकार ने प्रशासनिक अमले में किया बड़ा उलटफेर।
झारखंड के जंगलों में 'ऑपरेशन मिसिर बेसरा': 10 किमी का घेरा और 50 माओवादी कैद।
झुलसाने वाली धूप और गर्म हवाएं; झारखंड में अगले 48 घंटे बेहद चुनौतीपूर्ण।